Wednesday, August 26, 2026
Latest:
उत्तराखण्ड

बिना स्वीकृत मानचित्र के निर्माण पर एमडीडीए की कार्रवाई, दो प्लेटफार्म सील

देहरादून। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) की ओर से क्षेत्र में अवैध निर्माण और अवैध प्लाटिंग के विरुद्ध लगातार कार्रवाई की जा रही है। प्राधिकरण द्वारा बिना स्वीकृत मानचित्र एवं आवश्यक अनुमति के किए जा रहे निर्माण कार्यों पर नियमानुसार सख्ती बरती जा रही है। इसी क्रम में मंगलवार को मसूरी क्षेत्र में अवैध निर्माण के मामले में सीलिंग की कार्रवाई की गई।

प्राधिकरण के अनुसार, मसूरी देहरादून मोटर मार्ग पर हनुमान मंदिर से आगे मसूरी क्षेत्र में भूस्वामी हेमंत कुमार द्वारा बिना स्वीकृत मानचित्र एवं आवश्यक अनुमति के निर्माण कार्य कराया जा रहा था। मौके पर निरीक्षण के दौरान लोहे के चैनलों की सहायता से दो प्लेटफार्म बनाए जाने का कार्य पाया गया। मामले में प्राधिकरण की ओर से संबंधित भूस्वामी को नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया। हालांकि, संबंधित पक्ष की ओर से प्रस्तुत किया गया प्रतिउत्तर संतोषजनक नहीं पाया गया। इसके बाद प्राधिकरण द्वारा नियमानुसार कार्रवाई करते हुए मौके पर निर्मित दोनों प्लेटफार्म को सील कर दिया गया।

एमडीडीए अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि प्राधिकरण क्षेत्र में बिना स्वीकृति के किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य स्वीकार नहीं किया जाएगा।

अवैध निर्माण अथवा स्वीकृत मानचित्र के विपरीत किए जा रहे निर्माण की जानकारी मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी। प्राधिकरण की ओर से आमजन से भी अपील की गई है कि भवन निर्माण अथवा अन्य निर्माण कार्य शुरू करने से पूर्व संबंधित विभाग से आवश्यक अनुमति एवं स्वीकृत मानचित्र प्राप्त कर लें, ताकि बाद में किसी प्रकार की कार्रवाई का सामना न करना पड़े।

एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में नियमानुसार निर्माण सुनिश्चित करना एमडीडीए की प्राथमिकता है।

बिना स्वीकृत मानचित्र अथवा आवश्यक अनुमति के निर्माण करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि विकास के साथ-साथ शहर की सुनियोजित व्यवस्था और भवन निर्माण के निर्धारित मानकों का पालन भी जरूरी है। किसी भी व्यक्ति को नियमों का उल्लंघन करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। अवैध निर्माण के मामलों में प्राधिकरण की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।

एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राधिकरण की टीमें क्षेत्र में निर्माण गतिविधियों की लगातार निगरानी कर रही हैं। बिना स्वीकृत मानचित्र या अनुमति के किए जा रहे निर्माण को चिन्हित कर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण से पहले स्वीकृति लेना अनिवार्य है और नियमों का उल्लंघन करने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!