उत्तराखंड: बदल गया बाइक-स्कूटी के लाइसेंस बनाने नियम, अब ऐसा करना होगा जरूरी

देहरादून: प्रदेश के अब दो पहिया वाहनों के लाइसेंस के लिए भी आरटीओ दफ्तर के चक्कर काटने होंगे। अब तक ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट के सर्टिफिकेट प्रमाण पत्र पर भी लाइसेंस जारी हो जाता था। इस व्यवस्था को ही समाप्त कर दिया गया है। परिवहन विभाग ने पिछले दिनों यह व्यवस्था लागू की थी कि मोटर ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट से एक माह का कोर्स करने के बाद जो सर्टिफिकेट मिलेगा, उसके आधार पर सीधे दो पहिया और चार पहिया वाहन का लाइसेंस बनवा सकेंगे।

/

इसमें दो पहिया को लेकर देशभर से आई शिकायतों के बाद एक्ट में संशोधन किया गया है। अब दो पहिया वाहनों का ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए आरटीओ में टेस्ट देना होगा। हालांकि चार पहिया वाहन के लिए मोटर ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट के सर्टिफिकेट की व्यवस्था लागू है।

प्रदेश में परिवहन विभाग के 49 मोटर ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट हैं। इनमें से देहरादून और हल्द्वानी में दस-दस, टिहरी में एक, हरिद्वार में छह, पौड़ी और कोटद्वार में तीन-तीन, रुद्रप्रयाग में दो, कर्णप्रयाग में एक, ऊधमसिंह नगर में तीन, काशीपुर व चंपावत में दो-दो, अल्मोड़ा, बागेश्वर में एक-एक और पिथौरागढ़ में चार सेंटर शामिल हैं।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published.

error: Content is protected !!